बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने अपने फिल्मी करियर के शुरुआती दिनों को याद करते हुए एक भावुक किस्सा साझा किया है। उन्होंने बताया कि एक समय ऐसा था जब वह सुबह एक फिल्म की शूटिंग करते थे और रात में दूसरी फिल्म के सेट पर पहुंच जाते थे। बावजूद इसके, उनके मन में हमेशा यह डर बना रहता था कि कहीं आगे चलकर काम मिलना बंद न हो जाए।
अमिताभ बच्चन ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में सफलता कभी स्थायी नहीं होती। हर कलाकार के मन में यह चिंता रहती है कि अगला प्रोजेक्ट मिलेगा या नहीं। यही वजह थी कि वह हर मौके का पूरा फायदा उठाते थे और लगातार मेहनत करते रहते थे।
बिग बी ने बताया कि उस दौर में उनका शेड्यूल बेहद व्यस्त रहता था। कई बार दिन में एक फिल्म और रात में दूसरी फिल्म की शूटिंग करनी पड़ती थी। लगातार काम के बावजूद वह खुद को कभी सुरक्षित महसूस नहीं करते थे और भविष्य को लेकर हमेशा सतर्क रहते थे।
उन्होंने कहा कि यही डर उन्हें बेहतर प्रदर्शन करने और हर किरदार में अपना सौ प्रतिशत देने की प्रेरणा देता था। अमिताभ बच्चन का मानना है कि सफलता के बाद भी सीखना और मेहनत करना कभी नहीं छोड़ना चाहिए।
आज भी 80 वर्ष की उम्र पार करने के बावजूद अमिताभ बच्चन फिल्मों, टीवी और विज्ञापनों में लगातार सक्रिय हैं। उनका यह बयान एक बार फिर साबित करता है कि सफलता के पीछे सिर्फ प्रतिभा नहीं, बल्कि अनुशासन, मेहनत और निरंतर सीखने की चाह भी होती है।







