नई दिल्ली/विक्टोरिया (सेशेल्स): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के तीन दिवसीय सेशेल्स दौरे की शुरुआत गर्मजोशी और भव्य स्वागत के साथ हुई। राजधानी विक्टोरिया पहुंचने पर सेशेल्स सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका औपचारिक स्वागत किया, जबकि बड़ी संख्या में मौजूद भारतीय समुदाय के लोगों ने तिरंगा लहराते हुए और “भारत माता की जय” तथा “वंदे मातरम्” के नारों के साथ उनका अभिनंदन किया। इस दौरान कई प्रवासी भारतीय भावुक नजर आए। भारतीय समुदाय के कुछ सदस्यों ने इसे “44 साल में सबसे खास दिन” बताया। यह टिप्पणी उनके व्यक्तिगत अनुभव और उत्साह को दर्शाती है। प्रधानमंत्री मोदी 27 से 29 जून तक सेशेल्स की राजकीय यात्रा पर हैं। यह दौरा भारत और सेशेल्स के कूटनीतिक संबंधों के 50 वर्ष पूरे होने के अवसर पर विशेष महत्व रखता है। (timesofindia.indiatimes.com)
एयरपोर्ट से होटल तक दिखा उत्साह
प्रधानमंत्री मोदी के स्वागत के लिए एयरपोर्ट पर भारतीय मूल के लोगों के साथ-साथ स्थानीय नागरिक भी बड़ी संख्या में मौजूद थे। लोगों ने पारंपरिक परिधानों में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं और भारत-सेशेल्स की मित्रता का संदेश दिया। बच्चों ने हाथों में तिरंगा लेकर प्रधानमंत्री का स्वागत किया, जबकि कई लोगों ने “मोदी-मोदी” के नारे भी लगाए। सुरक्षा व्यवस्था के बीच प्रधानमंत्री ने लोगों का अभिवादन स्वीकार किया और कई लोगों से हाथ मिलाकर उनका हालचाल भी जाना। (timesofindia.indiatimes.com)
भारतीय समुदाय के लिए भावुक पल
सेशेल्स में रहने वाले भारतीय समुदाय के कई सदस्य वर्षों से भारत के किसी प्रधानमंत्री के दौरे का इंतजार कर रहे थे। स्वागत समारोह में मौजूद कुछ लोगों ने कहा कि “44 साल में यह सबसे खास दिन है” और प्रधानमंत्री मोदी का आगमन उनके लिए गर्व और खुशी का अवसर है। कई प्रवासी भारतीयों ने कहा कि इस यात्रा से उन्हें भारत से अपने जुड़ाव का एहसास और भी मजबूत हुआ है। यह कथन समुदाय के कुछ सदस्यों की प्रतिक्रिया है, न कि कोई आधिकारिक घोषणा। (timesofindia.indiatimes.com)
क्यों अहम है यह दौरा?
प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा कई कारणों से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भारत और सेशेल्स इस वर्ष अपने 50 वर्ष के राजनयिक संबंधों का जश्न मना रहे हैं। हिंद महासागर क्षेत्र में सेशेल्स भारत का एक महत्वपूर्ण रणनीतिक साझेदार है। दोनों देशों के बीच समुद्री सुरक्षा, ब्लू इकोनॉमी, रक्षा सहयोग, जलवायु परिवर्तन और विकास परियोजनाओं पर लंबे समय से सहयोग जारी है। इस यात्रा के दौरान इन क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करने पर चर्चा होने की उम्मीद है। (timesofindia.indiatimes.com)
राष्ट्रीय दिवस समारोह में होंगे मुख्य अतिथि
प्रधानमंत्री मोदी सेशेल्स के राष्ट्रीय दिवस (Golden Jubilee National Day) समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इसके अलावा उनकी सेशेल्स के राष्ट्रपति और अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ द्विपक्षीय वार्ता भी प्रस्तावित है। दोनों देशों के बीच कई समझौतों पर हस्ताक्षर होने की संभावना है, जिनका उद्देश्य आर्थिक, तकनीकी और सुरक्षा सहयोग को नई गति देना है। (timesofindia.indiatimes.com)
भारतीय समुदाय से विशेष संवाद
दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी भारतीय समुदाय के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात करेंगे। वे प्रवासी भारतीयों के योगदान की सराहना करेंगे और भारत के विकास तथा वैश्विक स्तर पर बढ़ती भूमिका पर अपने विचार साझा करेंगे। सरकार का मानना है कि दुनिया के विभिन्न देशों में बसे भारतीय समुदाय ने भारत की सांस्कृतिक पहचान और आर्थिक संबंधों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
भारत-सेशेल्स संबंधों में नया अध्याय
विशेषज्ञों के अनुसार प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा केवल एक राजकीय दौरा नहीं है, बल्कि हिंद महासागर क्षेत्र में भारत की रणनीतिक उपस्थिति को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी है। सेशेल्स के साथ रक्षा, समुद्री सुरक्षा, पर्यटन, स्वास्थ्य, शिक्षा और डिजिटल सहयोग को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की उम्मीद है। यही वजह है कि इस दौरे को भारत-सेशेल्स संबंधों के इतिहास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर माना जा रहा है।







