Monday, July 6, 2026
Home लाइफ स्टाइल 6 महीने के बाद बच्चे को क्या खिलाना चाहिए? दूध पिलाने वाली...

6 महीने के बाद बच्चे को क्या खिलाना चाहिए? दूध पिलाने वाली माताएं जरूर जानें ये बातें

53

बच्चे के जन्म के शुरुआती 6 महीने तक मां का दूध ही सबसे अच्छा और संपूर्ण आहार माना जाता है। लेकिन जैसे ही बच्चा 6 महीने का होता है, उसके शरीर को अतिरिक्त पोषण की जरूरत पड़ने लगती है। ऐसे में कई माताओं के मन में सवाल उठता है कि आखिर 6 महीने के बाद बच्चे को क्या खिलाना शुरू करें और किन बातों का ध्यान रखें?

विशेषज्ञों के अनुसार, इस उम्र में बच्चे को धीरे-धीरे ठोस आहार यानी “Complementary Feeding” शुरू करनी चाहिए, लेकिन मां का दूध बंद नहीं करना चाहिए। डॉक्टर सलाह देते हैं कि 2 साल या उससे अधिक समय तक स्तनपान जारी रखा जा सकता है।

6 महीने के बाद बच्चे को क्या खिलाएं?

1. दाल का पानी और पतली खिचड़ी

शुरुआत में बच्चे को हल्का और आसानी से पचने वाला भोजन देना चाहिए। दाल का पानी, चावल की पतली खिचड़ी और मूंग दाल बच्चे के लिए अच्छे विकल्प माने जाते हैं।

2. मसले हुए फल

केला, सेब, पपीता और नाशपाती जैसे फलों को मैश करके बच्चे को खिलाया जा सकता है। ये विटामिन और मिनरल्स से भरपूर होते हैं।

3. उबली और मैश की हुई सब्जियां

आलू, गाजर, कद्दू और शकरकंद जैसी उबली हुई सब्जियां बच्चे को दी जा सकती हैं। इससे बच्चे को जरूरी पोषण मिलता है।

4. सूजी या दलिया

हल्का दलिया और सूजी भी बच्चे के लिए अच्छा भोजन माना जाता है। इसे ज्यादा मसाले या चीनी के बिना तैयार करना चाहिए।

5. घर का ताजा खाना

विशेषज्ञ पैकेट वाले फूड की बजाय घर का ताजा और साफ भोजन देने की सलाह देते हैं।


दूध पिलाने वाली माताएं किन बातों का रखें ध्यान?

पौष्टिक भोजन लें

स्तनपान कराने वाली माताओं को अपने भोजन में प्रोटीन, हरी सब्जियां, दूध, फल और पर्याप्त पानी शामिल करना चाहिए।

पानी की कमी न होने दें

शरीर में पानी की कमी होने से दूध उत्पादन प्रभावित हो सकता है। इसलिए भरपूर पानी पीना जरूरी है।

जंक फूड से बचें

बहुत ज्यादा तला-भुना और पैकेज्ड फूड मां और बच्चे दोनों की सेहत पर असर डाल सकता है।

बच्चे को जबरदस्ती खाना न खिलाएं

शुरुआत में बच्चा बहुत कम मात्रा में खाना खाता है। धीरे-धीरे उसकी आदत बनती है, इसलिए धैर्य रखना जरूरी है।


कितनी बार खिलाना चाहिए?

शुरुआत में दिन में 2-3 बार थोड़ी मात्रा में खाना देना पर्याप्त माना जाता है। जैसे-जैसे बच्चा बड़ा होता है, भोजन की मात्रा और वैरायटी बढ़ाई जा सकती है।


डॉक्टर की सलाह क्यों जरूरी?

हर बच्चे की जरूरत अलग होती है। अगर बच्चे को किसी चीज से एलर्जी हो, पेट खराब हो या वजन सही तरीके से न बढ़ रहा हो, तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

विशेषज्ञों का कहना है कि सही समय पर सही पोषण मिलने से बच्चे का शारीरिक और मानसिक विकास बेहतर होता है। इसलिए 6 महीने के बाद बच्चे की डाइट को लेकर सावधानी और सही जानकारी बेहद जरूरी है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here