केरल विधानसभा चुनाव के नतीजों में राष्ट्रीय जनता दल यानी राजद ने कन्नूर जिले की कूथुपरम्बा सीट पर जीत दर्ज की है। राजद उम्मीदवार पी. के. प्रवीण ने इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग की उम्मीदवार जयंती राजन को 1,286 वोटों के अंतर से हराया।
पी. के. प्रवीण को कुल 70,448 वोट मिले, जबकि जयंती राजन को 69,162 वोट प्राप्त हुए। भाजपा उम्मीदवार एडवोकेट शिजिलाल 22,195 वोटों के साथ तीसरे स्थान पर रहे।
कूथुपरम्बा सीट पर कैसा रहा मुकाबला
मतगणना के शुरुआती दौर से ही पी. के. प्रवीण बढ़त बनाए हुए थे। पहले राउंड के बाद उन्हें 5,268 वोट मिले, जबकि जयंती राजन को 4,200 वोट मिले थे। इसके बाद भी राजद उम्मीदवार की बढ़त बनी रही और अंत में वे जीत दर्ज करने में सफल रहे।
यह जीत राजद के लिए इसलिए अहम मानी जा रही है क्योंकि केरल में पार्टी की राजनीतिक मौजूदगी सीमित रही है।
अन्य सीटों पर राजद का प्रदर्शन
राजद ने केरल में कुल तीन सीटों पर उम्मीदवार उतारे थे। कूथुपरम्बा में जीत मिली, जबकि कलपेटा और वाडकारा सीटों पर हार का सामना करना पड़ा।
कलपेटा सीट
कलपेटा में कांग्रेस के टी. सिद्दीकी ने राजद उम्मीदवार पी. के. अनिल कुमार को 45,031 वोटों से हराया।
टी. सिद्दीकी को 97,379 वोट मिले, जबकि पी. के. अनिल कुमार को 52,348 वोट मिले।
वाडकारा सीट
वाडकारा में आरएमपीआई की के. के. रमा ने राजद उम्मीदवार एम. के. भास्करन को 14,862 वोटों से हराया।
के. के. रमा को 70,117 वोट मिले, जबकि एम. के. भास्करन को 55,255 वोट मिले।
राजद के लिए क्या मायने रखती है यह जीत
केरल जैसे राज्य में, जहां मुख्य मुकाबला आम तौर पर वाम दलों और कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधनों के बीच रहता है, वहां राजद की एक सीट पर जीत पार्टी के लिए राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
हालांकि, तीन में से केवल एक सीट पर जीत यह भी दिखाती है कि केरल में राजद को अपनी संगठनात्मक पकड़ मजबूत करने के लिए अभी लंबा रास्ता तय करना होगा।
मुख्य बातें
- राजद ने कूथुपरम्बा सीट पर जीत दर्ज की
- पी. के. प्रवीण ने जयंती राजन को 1,286 वोटों से हराया
- राजद ने केरल में तीन सीटों पर चुनाव लड़ा
- कलपेटा और वाडकारा सीटों पर राजद उम्मीदवार हारे
- केरल में राजद की यह जीत पार्टी के विस्तार के संकेत के तौर पर देखी जा रही है







