Wednesday, July 1, 2026
Home जुर्म बिहार में शराब माफियाओं पर बड़ा प्रहार: मुजफ्फरपुर से 2,991 लीटर विदेशी...

बिहार में शराब माफियाओं पर बड़ा प्रहार: मुजफ्फरपुर से 2,991 लीटर विदेशी शराब बरामद

33

मुजफ्फरपुर, बिहार: बिहार में पूर्ण शराबबंदी कानून को प्रभावी ढंग से लागू कराने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत मुजफ्फरपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। जिले के सरैया थाना क्षेत्र में गुप्त सूचना के आधार पर की गई छापेमारी में पुलिस ने 2,991 लीटर विदेशी शराब की बड़ी खेप बरामद की है। यह शराब तस्करों द्वारा झाड़ियों के बीच बनाए गए एक गुप्त ठिकाने में छिपाकर रखी गई थी। पुलिस की इस कार्रवाई को हाल के महीनों में जिले की सबसे बड़ी शराब बरामदगी में से एक माना जा रहा है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार उन्हें सूचना मिली थी कि सरैया थाना क्षेत्र स्थित समा इंटरनेशनल स्कूल के पास सुनसान इलाके में बड़ी मात्रा में विदेशी शराब छिपाकर रखी गई है। सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर सघन तलाशी अभियान चलाया। कई घंटे तक चले अभियान के दौरान झाड़ियों और पेड़-पौधों के बीच छिपाकर रखे गए कार्टन बरामद किए गए। जांच करने पर इनमें बड़ी मात्रा में विदेशी शराब मिली, जिसे पुलिस ने मौके से जब्त कर लिया। उपलब्ध जानकारी के अनुसार कुल 2,991 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई। यह कार्रवाई बिहार में अवैध शराब कारोबार के खिलाफ चल रहे अभियान में एक बड़ी सफलता मानी जा रही है।
(पुलिस द्वारा जारी प्रारंभिक जानकारी के आधार पर)

तस्करों ने सुनसान इलाके को बनाया था अस्थायी गोदाम

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि शराब तस्करों ने आबादी से दूर इस स्थान को अस्थायी गोदाम के रूप में विकसित कर रखा था। यहां पहले शराब की खेप छिपाई जाती थी और बाद में छोटे वाहनों तथा अन्य माध्यमों से अलग-अलग इलाकों में भेजी जाती थी। पुलिस को आशंका है कि यह नेटवर्क केवल मुजफ्फरपुर तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका संबंध पड़ोसी जिलों और अन्य राज्यों से भी हो सकता है।

जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि शराब की यह खेप कहां से लाई गई थी, किसके लिए रखी गई थी और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं। पुलिस मोबाइल कॉल डिटेल, स्थानीय सूचना तंत्र और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच कर रही है।

किसी की गिरफ्तारी नहीं, लेकिन जांच तेज

छापेमारी के दौरान कोई तस्कर मौके पर मौजूद नहीं मिला। माना जा रहा है कि पुलिस की भनक लगने से पहले ही आरोपी वहां से फरार हो गए। हालांकि घटनास्थल से मिले सुरागों के आधार पर पुलिस ने कई संदिग्ध लोगों की पहचान शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस मामले में गिरफ्तारी की संभावना है।

पुलिस आसपास के गांवों और संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है। साथ ही शराब तस्करी में इस्तेमाल होने वाले वाहनों और आर्थिक लेन-देन की भी जांच की जा रही है।

शराबबंदी के बावजूद सक्रिय हैं तस्कर

बिहार में वर्ष 2016 से पूर्ण शराबबंदी लागू है, लेकिन इसके बावजूद समय-समय पर विभिन्न जिलों से शराब तस्करी के मामले सामने आते रहते हैं। तस्कर लगातार नए-नए तरीके अपनाकर शराब की खेप राज्य में पहुंचाने की कोशिश करते हैं। कभी ट्रकों में छिपाकर, कभी फलों और सब्जियों की आड़ में, तो कभी सुनसान स्थानों पर अस्थायी गोदाम बनाकर शराब की सप्लाई की जाती है।

हाल के वर्षों में पुलिस और उत्पाद विभाग ने संयुक्त अभियान चलाकर हजारों लीटर अवैध शराब जब्त की है और कई तस्करों को गिरफ्तार भी किया है। इसके बावजूद तस्कर अपने तौर-तरीके बदलकर कानून से बचने का प्रयास कर रहे हैं।

तकनीकी जांच भी शुरू

इस मामले में पुलिस केवल शराब बरामद कर कार्रवाई समाप्त नहीं करना चाहती, बल्कि पूरे नेटवर्क का खुलासा करने की दिशा में काम कर रही है। अधिकारियों के अनुसार बरामद शराब के ब्रांड, पैकेजिंग, परिवहन मार्ग और संभावित सप्लाई चेन की भी जांच की जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर पड़ोसी राज्यों की एजेंसियों से भी समन्वय स्थापित किया जाएगा।

पुलिस ने लोगों से मांगा सहयोग

मुजफ्फरपुर पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके आसपास कहीं भी अवैध शराब के भंडारण, बिक्री या तस्करी की सूचना मिले तो तुरंत पुलिस या उत्पाद विभाग को जानकारी दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।

अधिकारियों ने कहा कि शराब माफियाओं के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और किसी भी अवैध गतिविधि में शामिल व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस का उद्देश्य केवल शराब की बरामदगी नहीं, बल्कि पूरे तस्करी नेटवर्क को ध्वस्त करना है।

मुख्य बिंदु

  • सरैया थाना क्षेत्र में पुलिस की बड़ी कार्रवाई।
  • समा इंटरनेशनल स्कूल के पास झाड़ियों से 2,991 लीटर विदेशी शराब बरामद।
  • तस्करों द्वारा बनाया गया गुप्त ठिकाना सामने आया।
  • किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं, लेकिन जांच और छापेमारी जारी।
  • पुलिस पूरे तस्करी नेटवर्क की पहचान में जुटी।
  • बिहार में शराबबंदी कानून के तहत लगातार चल रहा है विशेष अभियान।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here